fbpx
Connect with us

सेहत

आचार में जरुर मिलाएं ये एक चीज, आचार दवाई का काम करेगा

Published

on

हमारे रसोई में बहुत सारी औषधियां उपलब्ध होती हैं जिन्हें हम आम भाषा में मसाले कहते हैं दरअसल मसाला अरबिक शब्द है हमारे शास्त्रों में इन मसालों के लिए औषधि शब्द का उपयोग हुवा है ऐसी ही एक औषधि है मैथीदाना जो की हर रसोई में पाया जाता है जो की रसोई में पाए जाने वाली अन्य ओषधियों में उच्च श्रेणी में आती है

मैथी दाने की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह दो तरह के रोगों का नाश करती है वात और कफ के रोगों को जड़ से ख़त्म करने की शक्ति इसमें है वात की बीमारियाँ निम्लिखित है घुटनों में दर्द, कंधे दुखना, जोड़ों का दर्द ये लोग जरुर मैथी दाना खाएं

इस विडियो में देखिये >>

मैथी का उपयोग करने का तरीका

बाग़भट्ट जी ने मैथी का उपयोग करने का तरीका बहुत ही सरल बताया है कि रात को एक चम्मच मैथी दाना एक गिलास गर्म पानी में डाल दें रात भर उसको रखें सुबह होने पर चबा चबाकर खाएं चबा चबाकर खाने का बहुत महत्व है कुछ लोग मैथी की फंकी लेते हैं पिस्सा हुवा मैथी की फंकी का इतना महत्त्व नही है जितना चबाकर खाई हुयी मैथी का है

मैथी को चबाकर खाने का महत्त्व

चबाकर मैथी खाने का महत्त्व ये है कि जैसे ही मैथी को चबाना शुरू करते हैं तो लार बननी बहुत तेजी से शुरू होती है क्यूंकि मैथी का स्वाद कटुक और कसाये है अगर इस स्वाद की कोई भी चीज हम खायेंगे तो मुँह में लार बनना बहुत तेजी से शुरू हो जाता है और वो लार हमारे जीवन के लिए बहुत महत्वपूर्ण और उपयोगी है

मैथीदाने वाला आचार का महत्त्व

हमारे घरों में जो भी आचार होता है उन सबमें इसीलिए मैथीदाना डाला जाता है और बाग़भट्ट जी ने बताया है कि जो भी मैथी दाने वाला आचार हम अपने घरों में खाते हैं वो आचार नही बल्कि औषधि है, दवा है आप अपने जीवन में ऐसा आचार खाने से कभी भी मना न करें जिसमे मैथी दाना हो चाहे किसी भी तरह का आचार हो आम का ,मिर्च,नींबू का जरुर खाएं

इसका कारण यह है की किसी भी फल या आचार पर फल और आचार से ज्यादा असर औषधि का होता है जैसे अगर आप आम का आचार डालते है तो उस पर आम से ज्यादा औषधि का असर होता है

और एक बात आचार में पड़ी हुयी मैथी का असर पानी में भिगोई हुयी मैथी से ज्यादा होता है वागभट्ट जी कहते है की अगर मैथी को तेल में भिगोकर आपने रख लिया तो उसकी शक्ति पानी में भीगी हुयी मैथी दाने की शक्ति से 20 गुना ज्यादा तक बढ़ जाएगी और आप सभी जानते है की आचार में सरसों का तेल भी होता है यानी आचार वाली मैथी की शक्ति आम मैथी से 20 गुना ज्यादा तक होती है

इस विडियो में देखिये >>

अगर कोई भी व्यक्ति वात और कफ के रोगों से पीड़ित है तो बेझिझक आचार खाएं. लेकिन मैथी पित्त को बढाती है इसलिए पित्त के रोगियों से प्रार्थना है की वे इसका उपयोग न करें पित्त के रोग हैं एसिडिटी, अल्सर, मुँह में पानी आना, खाने का हजम न होना, खाना खाने के बाद 2-3 घंटे तक खाने का स्वाद मुँह में रहना, डकार और हिचकी आना इत्यादि

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *