Connect with us

दुनिया

कोरोना के बाद अब चीन के सामने आया एक और संकट

Published

on

चीन में कोरोनावायरस का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस वायरस की चपेट में आने से सिर्फ चीन में अब तक 1700 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है। 70548 से ज्यादा लोग कोरोनावायरस से संक्रमित हैं। जानलेवा कोरोनावायरस ने चीन की कमर तोड़कर रख दी है। चीन की अर्थव्यवस्था डगमगा गई है। अब इस वायरस की चपेट में चीन की करेंसी भी आ गई है। वायरस का असर अब चीन की करेंसी पर दिखने लगा है। खासकर कागज के नोटों से संक्रमित हो जाने से खतरा बढ़ता जा रहा है। कागज के नोटों के जरिए कोरोनावायरस फैल रहा है।

ऐसे में चीन ने 84000 करोड़ रुपए के नोटों को नष्ट करने का आदेश दे दिया है। हजारों करोड़ों के संक्रमित नोटों को नष्ट करने का आदेश दे दिया गया है। चीन की सरकार संक्रमित लोगों के हाथों से होते हुए बाजार में फैले संक्रमित नोट को ठीक करने में जुट गई है। अस्पताल, पब्लिक ट्रांसपोर्ट, सार्वजनिक स्थलों पर इस्तेमाल होने वाले काजगी नोट कोरोनावायरस की चपेट में आ गए हैं। ऐसे में सरकार ने उन कागज के नोट को नष्ट करने का आदेश दिया है , जो अस्पतालों, बाजारों और परिवहन सेवाओं से आए हैं।

चीन के सेंट्रल बैंक की गुआंगझोउ ब्रांच ने कहा है कि बाजार में जारी किए जा चुके सभी काजगी नोट को बैंक बर्बाद कर देगी।वहीं पीपुल्स बैंक ऑफ चाइना भी मार्केट में सर्कुलेट हो चुके सभी कागजी नोट को बर्बाद करने का निर्देश दिया है। वहीं सेंट्रल बैंक के डिप्टी गर्वनर फैन यिफेई के मुताबिक सेंट्रल बैंक ने 17 जनवरी से अब तक पूरे देश में 600 बिलियन युआन के नए नोट जारी किए है। जिसमें से 4 बिलियन युआन के नए नोट सिर्फ वुहान में भेजे गए हैं, जहां कोरोनावायरस का सबसे ज्यादा असर है। चीन की सेंट्रल बैंक ने कहा है कि जनवरी के बाद जारी किए गए नोट को जमा कर 14 दिनों क्वारंटीन में रखा जाएगा,जहां अल्ट्रा वॉयलेट रे की मदद से नोट को संक्रमण से मुक्त किया जाएगा।

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.