Connect with us

विशेष

महिलाओं की पसंदीदा चीज़ पर 18% जीएसटी का घाव, मोदी करेंगे महिलाओं को ख़ुश ??

Published

on

टीवी चैनल देखना नए साल से महंगा हो जाएगा। हालांकि यह फैसला 29 दिसंबर से प्रभावी होगा। दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने केबल चैनलों के शुल्क में काफी बढ़ोतरी करने का निर्णय लिया है। नए नियम के मुताबिक अब फ्री-टू एयर (एफटीए) चैनलों को देखने के लिए भी लोगों को पैसा खर्च करना पड़ेगा। अब कौन बनेगा करोड़पति, सारेगामा, सास बहू, नागिन जैसे सीरियल देखने के लिए अब पैसा चुकाना पड़ेगा।

नए नियम डीटीएच, केबल और ब्रॉडकास्टर्स पर लागू होंगे। टेलीकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने हाल ही में इसको लेकर निर्देश जारी भी किए हैं। जिसके बाद ब्रॉडकास्ट सेक्टर को अपने उपभोक्ता को चैनल सेलेक्ट करने और उसी के पैसे देने का विकल्प उपलब्ध कराना होगा। ट्राई के इस आदेश के बाद अब चैनल्स ने अपने दाम तय किए हैं और इसे देखते हुए यह साफ नजर आता है कि 29 दिसंबर से घर में टीवी देखना सस्ता नहीं बल्कि महंगा होने वाला है। टीवी चैनल्स पर विज्ञापन के जरिए बताया जा रहा है कि माह या दिन में कितने रुपए देना पड़ेगा।

दोगुना होगा केबल खर्च : गांव में ज्यादातर लोग फ्री टू एयर चैनल्स देखते हैं जिसके लिए उन्हें कोई खर्च नहीं करना होगा। वहीं शहरों में 250 रुपए तक में सभी पसंद के चैनल्स देखने को मिल जाते हैं। लेकिन ग्रामीण और कस्बों में यह खर्च पढ़कर 400 से 500 रुपए तक चला जाएगा। यूजर को नेटवर्क फीस भी चुकानी होगी।

इस हिसाब से 130 रुपए फ्री चैनल्स के, 180 रुपए तक आपकी पसंद के चैनल्स का खर्च और 100 रुपए नेटवर्क फीस। इसमें चैनल्स पर 18 प्रतिशत जीएसटी लगेगा जो 450 रुपए तक पहुंच जाएगा। गांव-कस्बों व छोटे शहरों में रहने वाले लोगों के लिए 200-250 रुपए खर्च करने पड़ते हैं, वहीं अब यह बढ़कर 440 रुपए हो जाएगा। अगर स्पोर्ट्स व एचडी चैनल्स देखने होंगे तो फिर 600 रुपए खर्च करने होंगे।

फ्री चैनल्स के लिए भी 130 रुपए महीना देना होगा : ट्राई की गाइडलाइन एक जनवरी से लागू होगी और आपको यह तय करना होगा कि आप क्या देखना चाहते हैं और क्या नहीं। आपको हर चैनल के लिए ज्यादा खर्च करना पड़ेगा। अब तक जो चैनल्स फ्री में उपलब्ध थे उनके लिए भी 130 रुपए महीना देना होगा।

ट्राई के नए नियम :

  • डीटीएच और केबल ऑपरेटर्स को प्रत्येक चैनल के लिए तय एमआरपी की जानकारी अपनी यूजर गाइड में देनी होगी।
  • प्रत्येक डीटीएच कंपनी और केबल ऑपरेटर को यह नियम मानना होगा।
  • नियम नहीं मानने पर केबल ऑपरेटर के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है।
  • ट्राई के नए नियमों के अनुसार दर्शक अपने पसंद का जितने चैनल देखना चाहेंगे, उनको उतना ही पैसा देना होगा।
Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.