Connect with us

विशेष

शादीशुदा महिला ने कुंवारी बनकर सेना के मेजर को फंसाया…मां-बेटी ने मिलकर खेला खेल

Published

on

ठगी से आम आदती तो बच नहीं रहा अब सैनिकों को भी नहीं छोड़ा जा रहा है। जी हांसीएसपी की पत्नी ने खुद को कुंवारी युवती बताकर सेना में मेजर को प्रेम जाल में फंसा लिया। दो सहेलियों की मदद से आर्य समाज में शादी रचाई और हनीमून मनाने अंडमान चली गई।

जाली आईडी और मार्कशीट बनाकर मेजर के साथ शादी का रजिस्ट्रेशन भी करवा लिया। मेजर के परिजन से बहू बनकर मिली और लाखों की ज्वेलरी ऐंठ ली। अन्नपूर्णा पुलिस ने मेजर की शिकायत पर शुक्रवार रात महिला के विरुद्ध धोखाधड़ी, ब्लैकमेलिंग, फर्जी दस्तावेज बनाने और शादीशुदा महिला द्वारा अवै’ध संबंध बनाने की धाराओं में केस दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपित जया उर्फ अनीशा शर्मा निवासी न्यू पलासिया है। फरियादी मेजर अंकुर सिंह निवासी विकास एन्क्लेव दिल्ली ने पुलिस को बताया कि अप्रैल 2017 में सोशल साइट के माध्यम से जया से दोस्ती हुई थी। दोनों ने नंबर शेयर किए और वाट्सएप पर चेटिंग शुरू कर दी। जया ने कहा कि वह 24 साल की और अविवाहित है। आर्थनोजेनिक राइट वेन्टीक्यूलर बीमारी के कारण मोटापा बढ़ गया था। वह उससे शादी करना चाहती है। जया ने उससे मिलने की इच्छा जताई और तीन मई को इंदौर बुला लिया। प्रेमिका बन उसके साथ ओंकारेश्वर और भोपाल घूमने गई।

जया ने मेजर के पिता सतीश कुमार और मां के नंबर लेकर बहू बन बातचीत शुरू कर दी। जून में जया दिल्ली पहुंच गई और माता-पिता के साथ घूमी और खूब फोटो खींचे। यहां से फ्लाइट से मेजर से मिलने इंफाल पहुंच गई और पांच दिन तक साथ रुकी। 15 जून को अंकुर इंफाल से दिल्ली आए और जया के साथ ही होटल में रुके। मेजर से रोज जाती थी मिलने : 16 जून को अंकुर ट्रेनिंग के लिए दिल्ली से महू आए। जया उनसे प्रेमिका की तरह रोज मिलने जाती थी। अंकुर ने उसके प्रभाव में आकर विश्वास किया और दो जुलाई को आर्य समाज मंदिर में जया की सहेलियों के समक्ष शादी कर ली। छह जुलाई को जया ने नगर निगम में शादी का पंजीयन भी करवा लिया। जया के कहने पर मेजर ने उमरिया स्थित समर्थ पार्क में एक मकान किराए से लिया और 20 सितंबर तक दोनों रोज मिलते रहे। ट्रेनिंग पूरी होने पर जया और मेजर 21 सितंबर को इंदौर से दिल्ली और 24 सितंबर को दिल्ली से बेंगलुरु चले गए।

अंकुर ने पुलिस को बताया कि उनकी कुन्नूूर में पोस्टिंग हो गई थी। जया शिखा और शुभी नामक दो युवतियों के साथ मिलने आई। उसने कहा दोनों ताऊजी की बेटियां हैं। बाद में पता चला कि दोनों युवतियां जया की बेटियां हैं। इसके पूर्व जया ने हनीमून की इच्छा जताई और पांच अक्टूबर को अंकुर के साथ अंडमान निकोबार चली गई। इस दौरान उसने आईलैंड पुलिस स्टेशन पर मोबाइल चोरी की रिपोर्ट भी लिखवा दी। रिपोर्ट में खुद का नाम अनीशा और पति का नाम मेजर अंकुर लिखवाया। धीरे-धीरे जया ने अंकुर और परिजन के बीच गलतफहमियां पैदा की और विवाद कराना शुरू कर दिया।

जया के कहने पर अंकुर इंदौर आए और बेटमा में एक मकान किराए से ले लिया। कुछ दिन बाद जया ने कहा कि उसने एक मकान पसंद किया है। उसकी बातों में आकर अंकुर ने निजी बैंक से लोन करवाया और खरीद लिया। कुछ दिन बाद जया मकान अपने नाम करने का दबाव बनाने लगी। जया ने दसवीं की जाली मार्कशीट बनाई और सरकारी दस्तावेज और आर्मी रिकॉर्ड में मेजर की पत्नी दर्ज करवा लिया। अंकुर ने जया से कुछ दस्तावेज लिए और ऑनलाइन जांचे तो फर्जी निकले। शक होने पर वे इंदौर आए तो पता चला जया सीएसपी की पत्नी है और महिला बाल विकास परियोजना अधिकारी है। उसने झूठ बोलकर शादी की है। पिता से डेढ़ लाख रुपए कीमत का हीरे का मंगलसूत्र और पांच लाख रुपए मौज-मस्ती में खर्च करवा दिए।

अंकुर के मुताबिक जया ने जाली मार्कशीट से खुद का नाम कई जगह रजिस्टर्ड करवा लिया था। उसने सहेली मधु मंडोनिया को गवाह बनाया था। असलियत सामने आने पर फटकार लगाई तो वह झूठे केस में फंसाने की धमकी देने लगी। उसने आर्मी चीफ को झूठी शिकायत कर उसके खिलाफ इंक्वायरी बैठा दी।

Continue Reading
Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *